नई दिल्ली | (एक्शन भारत) जहांगीरपुरी के इरफान हत्याकांड में वांछित आरोपी वसीम अकरम उर्फ लम्बू को दिल्ली पुलिस ने पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार 29 वर्षीय वसीम के खिलाफ दिल्ली के विभिन्न थानों में 118 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
इन मामलों में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, चोरी, सेंधमारी, आर्म्स एक्ट, पॉक्सो एक्ट, सरकारी कर्मचारियों पर हमला और आपराधिक धमकी जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। पुलिस ने उसे जहांगीरपुरी थाना क्षेत्र का घोषित बदमाश बताया है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार वसीम का आपराधिक इतिहास वर्ष 2014 से शुरू होता है। 2015 और 2016 में जहांगीरपुरी समेत कई थानों में उसके खिलाफ चोरी, सेंधमारी, लूट और अवैध हथियार रखने के मामले दर्ज हुए। 2016 में एक पॉक्सो मामले में भी उसका नाम सामने आया था।
इसके बाद 2018 और 2019 में दिल्ली के कई इलाकों में चोरी और सेंधमारी के मामले दर्ज होते रहे। पुलिस के अनुसार 2019 में पांडव नगर के एक मामले में उस पर पुलिस टीम पर फायरिंग और हत्या के प्रयास का आरोप भी लगा था। 2022 में भी उसके खिलाफ लूट और पुलिसकर्मियों पर हमले से जुड़े मामले दर्ज हुए।
डीसीपी आकांक्षा यादव के अनुसार 18 जुलाई को जहांगीरपुरी में 20 वर्षीय इरफान पर हमला हुआ था। पुलिस का आरोप है कि वसीम और उसके साथियों ने पुलिसकर्मियों से हाथापाई की और घायल इरफान को अपने साथ ले गए। बाद में अस्पताल में इरफान को मृत घोषित कर दिया गया।
मामले में वसीम को वांछित घोषित किया गया था। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने उसे पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम से गिरफ्तार किया। ट्रांजिट रिमांड के बाद जब उसे दिल्ली लाया जा रहा था, तब मथुरा क्षेत्र में उसने कथित तौर पर पुलिस की सर्विस पिस्टल छीन ली और फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की।
फायरिंग में एसआई अजय कुमार के बाएं हाथ में गोली लगी। इसके बाद पुलिस की जवाबी कार्रवाई में वसीम के दाएं पैर में गोली लगी और उसे फिर से काबू कर लिया गया।
फिलहाल आरोपी का इलाज कराया जा रहा है और पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। मामले की आगे की जांच जारी है।
