नई दिल्ली (Action Bharat) | भारतीय क्रिकेट टीम के प्रमुख तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की फिटनेस और कार्यभार प्रबंधन एक बार फिर चर्चा में है। हाल ही में चोट से वापसी करने वाले बुमराह को एशियाई खेलों की भारतीय टीम में शामिल किए जाने को लेकर सवाल उठ रहे हैं। तर्क यह है कि उन्हें एशियन गेम्स से आराम देकर आगामी वेस्टइंडीज वनडे सीरीज और न्यूजीलैंड दौरे के लिए पूरी तरह फिट रखने का विकल्प भी मौजूद था।
बुमराह जुलाई में इंग्लैंड दौरे के दौरान घुटने की चोट से परेशान हुए थे। इसके बाद उन्होंने करीब दो महीने बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) में रिहैबिलिटेशन किया। लंबे अंतराल के बाद उनकी मैदान पर वापसी अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की टी-20 सीरीज से हुई।
मैच फिटनेस जांचने के लिए एशियन गेम्स में मौका
बुमराह को एशियन गेम्स में खिलाने के पीछे एक तर्क यह बताया गया है कि इससे उनकी मैच फिटनेस की परख हो सकती है।
हालांकि, रिपोर्ट में यह सवाल भी उठाया गया है कि नेपाल जैसी अपेक्षाकृत कमजोर टीम के खिलाफ मुकाबलों में बुमराह जैसे अनुभवी तेज गेंदबाज को उतारना कितना जरूरी था। एशियन गेम्स में पाकिस्तान, श्रीलंका और अफगानिस्तान ने भी अपनी पूरी मजबूत टीम नहीं भेजी है।
पिछले एशियन गेम्स में युवा टीम ने जीता था गोल्ड
पिछले संस्करण में भारत ने अपेक्षाकृत युवा और दूसरी पंक्ति की टीम के साथ हिस्सा लिया था। इसके बावजूद भारतीय टीम स्वर्ण पदक जीतने में सफल रही थी।
इसी आधार पर इस बार भी बुमराह को आराम देने और युवा खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनुभव देने का विकल्प मौजूद बताया गया है।
एशियन गेम्स और वेस्टइंडीज सीरीज की तारीखों में टकराव
बुमराह के चयन को लेकर सबसे महत्वपूर्ण पहलू दोनों प्रतियोगिताओं की तारीखों का टकराव है।
- वेस्टइंडीज दौरा: 27 सितंबर से शुरू होना है।
- शुरुआत में तीन वनडे मुकाबले खेले जाने हैं।
- एशियन गेम्स में भारत का अभियान: 28 सितंबर से शुरू होना है।
- यानी दोनों कार्यक्रम लगभग एक ही समय पर हैं।
ऐसे में रिपोर्ट में यह संभावना उठाई गई है कि बुमराह और कुछ अन्य वरिष्ठ खिलाड़ियों को वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए उपलब्ध कराया जा सकता था।
वेस्टइंडीज वनडे सीरीज भी महत्वपूर्ण
रिपोर्ट के मुताबिक, वेस्टइंडीज के खिलाफ होने वाली वनडे सीरीज को भी कम महत्वपूर्ण नहीं माना जा सकता। आगे के अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम और बड़े टूर्नामेंटों को देखते हुए भारतीय टीम के लिए खिलाड़ियों की फिटनेस और सही संयोजन बनाए रखना महत्वपूर्ण होगा।
इसी संदर्भ में बुमराह को एशियन गेम्स के बजाय वेस्टइंडीज सीरीज के लिए उपलब्ध रखने की रणनीति पर सवाल उठाया गया है।
वॉशिंगटन सुंदर भी चयन को लेकर चर्चा में
बुमराह के अलावा वॉशिंगटन सुंदर के चयन को लेकर भी टीम प्रबंधन की प्राथमिकताओं पर चर्चा है।
रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज में सुंदर को खिलाना चाहते थे। इसकी एक वजह वेस्टइंडीज टीम में मौजूद पांच बाएं हाथ के बल्लेबाज बताए गए हैं। ऑफ स्पिनर सुंदर ऐसे बल्लेबाजों के खिलाफ उपयोगी विकल्प हो सकते हैं।
दूसरी ओर, एशियन गेम्स में भारतीय टीम के कोच वीवीएस लक्ष्मण भी सुंदर को टीम में रखना चाहते हैं। नेपाल की टीम में भी दो बाएं हाथ के बल्लेबाज होने का तर्क दिया गया है।
इस स्थिति में सवाल सिर्फ खिलाड़ी की उपयोगिता का नहीं, बल्कि दो अलग-अलग प्रतियोगिताओं के बीच प्राथमिकता तय करने का भी है।
बुमराह के मामले में कार्यभार प्रबंधन अहम
भारतीय क्रिकेट में पिछले कुछ समय से खिलाड़ियों के वर्कलोड मैनेजमेंट और चोट से बचाव पर जोर दिया जाता रहा है। तेज गेंदबाजों पर इसका महत्व और अधिक हो जाता है।
बुमराह लंबे समय से चोट और रिहैबिलिटेशन के दौर से गुजरते रहे हैं। ऐसे में उनके कार्यक्रम को तय करते समय तत्काल मैच की जरूरत के साथ-साथ आगामी अंतरराष्ट्रीय सीरीज को भी ध्यान में रखना होगा।
न्यूजीलैंड टेस्ट सीरीज के लिए आकाशदीप पर भी नजर
भारतीय टीम प्रबंधन न्यूजीलैंड में होने वाली दो टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए तेज गेंदबाज आकाशदीप पर भी नजर रख रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक—
- आकाशदीप फिलहाल COE में 15-15 ओवर की गेंदबाजी कर रहे हैं।
- उन्हें ईरानी ट्रॉफी के लिए शेष भारत की टीम में भी चुना गया है।
- हालांकि, न्यूजीलैंड सीरीज के लिए उनकी उपलब्धता उनकी फिटनेस पर निर्भर करेगी।
सवाल सिर्फ एक टूर्नामेंट का नहीं
बुमराह के एशियन गेम्स में खेलने का मुद्दा केवल एक प्रतियोगिता तक सीमित नहीं है। उनके सामने इसके बाद वेस्टइंडीज की वनडे सीरीज और आगे न्यूजीलैंड का कार्यक्रम भी है।
ऐसे में टीम प्रबंधन के सामने मुख्य चुनौती यह होगी कि बुमराह की मैच फिटनेस, कार्यभार और आगामी महत्वपूर्ण मुकाबलों के लिए उनकी उपलब्धता के बीच किस तरह संतुलन बनाया जाए।
Action Bharat | Sports Desk
