नई दिल्ली (Action Bharat) | महिला एशिया कप 2026 के फाइनल में श्रीलंका को हराकर खिताब जीतने वाली भारतीय महिला क्रिकेट टीम का ट्रॉफी समारोह चर्चा में बना हुआ है। खिताब जीतने के बाद भारतीय टीम ने एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के अध्यक्ष मोहसिन नकवी के हाथों ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया था।
अब इस मामले पर भारत के पूर्व कप्तान और 1983 विश्व कप विजेता कप्तान कपिल देव की प्रतिक्रिया सामने आई है। जब उनसे भारतीय महिला टीम के इस फैसले के बारे में पूछा गया तो उन्होंने बेहद संक्षिप्त और मजेदार अंदाज में जवाब दिया—“उन सभी को गोल्फ खेलना चाहिए।”
कपिल देव का यह बयान अब चर्चा में है, खास तौर पर इसलिए क्योंकि क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद वह गोल्फ से भी जुड़े हुए हैं।
एशिया कप जीतने के बाद ट्रॉफी समारोह पर विवाद
भारतीय महिला टीम ने दुबई में खेले गए एशिया कप 2026 के फाइनल में श्रीलंका को हराकर खिताब अपने नाम किया था।
- हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारतीय टीम ने फाइनल मुकाबला जीता।
- इस जीत के साथ भारत ने महिला एशिया कप का आठवीं बार खिताब अपने नाम किया।
- खिताब जीतने के बाद ट्रॉफी प्रदान करने की प्रक्रिया को लेकर स्थिति अलग रही।
- भारतीय खिलाड़ियों ने मोहसिन नकवी के हाथों ट्रॉफी स्वीकार नहीं की।
- इसके बाद टीम बिना ट्रॉफी के भारत लौट आई।
उपलब्ध स्रोत के अनुसार, 2025 में सूर्यकुमार यादव की कप्तानी वाली भारतीय पुरुष टीम ने भी एशिया कप जीतने के बाद नकवी के हाथों ट्रॉफी नहीं ली थी।
कपिल देव ने क्या कहा?
भारतीय महिला टीम के ट्रॉफी समारोह से जुड़े फैसले पर जब कपिल देव से सवाल किया गया तो उन्होंने लंबी प्रतिक्रिया देने के बजाय एक छोटा-सा जवाब दिया।
कपिल देव ने कहा—“उन सभी को गोल्फ खेलना चाहिए।”
उनका यह जवाब इसलिए भी ध्यान खींच रहा है क्योंकि कपिल देव स्वयं क्रिकेट के बाद गोल्फ से जुड़े रहे हैं। उपलब्ध रिपोर्ट में बताया गया है कि वह 72 द लीग के प्रेसिडेंट हैं, जो गोल्फ से संबंधित संस्था है।
BCCI ने भी बताया था ट्रॉफी न लेने का कारण
ट्रॉफी समारोह के बाद BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने भारतीय टीम के फैसले को लेकर स्पष्टीकरण दिया था।
सैकिया के अनुसार, पहलगाम हमले के बाद मोहसिन नकवी की ओर से भारत के खिलाफ लगातार दिए गए बयानों की वजह से भारतीय टीम ने उनके हाथों से ट्रॉफी लेने का फैसला नहीं किया।
उन्होंने यह भी कहा कि BCCI ने पहले ही ACC को इस संबंध में अपनी स्थिति बता दी थी।
BCCI के मुताबिक पहले से तय था विकल्प
देवजीत सैकिया के अनुसार, भारतीय टीम ने ACC को पहले ही बताया था कि वह मोहसिन नकवी के हाथों ट्रॉफी स्वीकार नहीं करेगी।
सैकिया के बयान के मुताबिक:
- BCCI ने ACC को पहले ही अपनी स्थिति से अवगत करा दिया था।
- भारतीय टीम ट्रॉफी ACC के उपाध्यक्ष खालिद अल जरूनी के हाथों लेने के लिए तैयार थी।
- खालिद अल जरूनी UAE क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष हैं।
- हालांकि, सैकिया के मुताबिक नकवी ने ऐसा नहीं किया और ट्रॉफी समारोह उसी तरह आगे नहीं बढ़ा जैसा भारतीय पक्ष ने प्रस्तावित किया था।
यह जानकारी BCCI सचिव के बयान पर आधारित है।
2025 में भी सामने आया था ऐसा ही मामला
यह पहली बार नहीं है जब एशिया कप ट्रॉफी समारोह को लेकर भारतीय टीम और मोहसिन नकवी का नाम एक साथ चर्चा में आया है।
उपलब्ध खबर के मुताबिक, 2025 एशिया कप जीतने वाली भारतीय पुरुष टीम ने भी नकवी के हाथों ट्रॉफी नहीं ली थी। उस समय सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में भारत ने एशिया कप खिताब जीता था।
2026 में भारतीय महिला टीम के साथ भी ट्रॉफी समारोह में ऐसी ही स्थिति देखने को मिली।
अब कपिल देव की टिप्पणी क्यों बनी चर्चा का विषय?
कपिल देव ने इस मामले पर कोई विस्तृत राजनीतिक या क्रिकेट संबंधी विश्लेषण नहीं दिया। उन्होंने केवल एक छोटी टिप्पणी करते हुए खिलाड़ियों को गोल्फ खेलने की सलाह दी।
उनका यह जवाब सोशल मीडिया और क्रिकेट जगत में इसलिए चर्चा का विषय बन गया क्योंकि:
- बयान बेहद संक्षिप्त था।
- उन्होंने सीधे विवाद पर विस्तार से टिप्पणी नहीं की।
- कपिल देव स्वयं गोल्फ से जुड़े हुए हैं।
- यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब ट्रॉफी समारोह को लेकर भारतीय क्रिकेट में चर्चा जारी है।
फिलहाल भारतीय महिला टीम की एशिया कप जीत के साथ-साथ ट्रॉफी समारोह का यह घटनाक्रम भी क्रिकेट जगत में चर्चा का विषय बना हुआ है।
